गाजीपुर। नंदगंज थाना क्षेत्र के बुढ़नपुर (पठानपुर) गांव में महिला द्वारा ग्राम प्रधान सहित सात लोगों पर दर्ज कराए गए मुकदमे के मामले में अब ग्राम प्रधान भूपेन्द्र यादव का पक्ष भी सामने आया है। प्रधान ने महिला द्वारा लगाए गए आरोपों को निराधार बताते हुए राजनीतिक द्वेष के तहत फंसाने का आरोप लगाया है। ग्राम प्रधान भूपेन्द्र यादव ने बताया कि ग्राम सभा में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास सर्वे का कार्य चल रहा है। इस क्रम में सर्वेयरों द्वारा घर-घर जाकर सर्वे किया जा रहा था। सर्वेयरों को सभी घरों की जानकारी न होने के कारण ग्राम निवासी अर्जुन यादव से कहा गया था कि वह सर्वेयरों को घर दिखा दें। इसी क्रम में अर्जुन यादव सर्वेयरों के साथ कमली देवी पत्नी शोभनाथ बिंद के घर भी गया था।
प्रधान के मुताबिक, उस समय कमली देवी और उनके पति दोनों घर पर मौजूद नहीं थे। सर्वेयर द्वारा उन्हें दो बार फोन भी किया गया, लेकिन संपर्क नहीं हो सका। इसके बाद सर्वे प्रक्रिया के तहत सर्वेयर द्वारा आवास का फोटो लिया गया।
ग्राम प्रधान ने आरोप लगाया कि फोटो खींचे जाने को लेकर विवाद खड़ा करते हुए अर्जुन यादव को धारा 376 में फंसाने और पैसा लेने की धमकी देते हुए नंदगंज थाने में प्रार्थना पत्र दिया गया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि इससे पूर्व भी अपने सगे भाई के पुत्र को इसी तरह धारा 376 में फंसाकर जेल भिजवाया गया है, जो वर्तमान में बाल अपराध से संबंधित मामले में जेल में बंद है।
प्रधान ने बताया कि फोटो खींचने के विवाद को लेकर महिला पक्ष के लोग लाठी-डंडा लेकर अर्जुन यादव के घर पहुंचे थे। उस दौरान अर्जुन यादव ने अपने बच्चे की कसम खाकर स्वयं को निर्दोष बताया, बावजूद इसके उसे फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दी गई।
ग्राम प्रधान भूपेन्द्र यादव ने स्पष्ट किया कि इस पूरे मामले में उनकी कोई भूमिका नहीं है और उन्हें राजनीतिक द्वेष के चलते झूठे मुकदमे में फंसाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उन्हें प्रशासन पर पूरा विश्वास है और उन्हें न्याय अवश्य मिलेगा। फिलहाल पुलिस ग्राम प्रधान सहित सात के खिलाफ मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
गाजीपुर: पीएम आवास सर्वे को लेकर विवाद: ग्राम प्रधान ने आरोपों को बताया निराधार, राजनीतिक द्वेष में फंसाने का लगाया आरोप
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